सत्य की जीत
saty kī jītसत्य अथवा न्याय का अंततः विजय होना, चाहे परिस्थितियाँ कितनी भी प्रतिकूल क्यों न हों।
महाभारत में पांडवों की जीत सत्य की जीत के रूप में चित्रित की गई है।
महाभारत में पांडवों की विजय को सच्चाई और न्याय की जीत के प्रतीक के रूप में दर्शाया गया है।
उसके न्यायालय में सत्य की जीत हुई जब न्यायाधीश ने निर्णय दिया।
न्यायाधीश के निर्णय से सच्चाई और न्याय की विजय हुई।
यह प्राचीन भारतीय साहित्य और लोककथाओं में बार-बार आने वाला एक प्रमुख विषय है।
शब्द संयोजन
समानार्थी शब्द
संबंधित वाक्यांश
💡विशेष सुझाव
स्मरणीय उदाहरण
इस मुहावरे को याद रखने के लिए महाभारत के युद्ध का उदाहरण याद रखें जहाँ पांडवों की जीत को 'सत्य की जीत' के रूप में दर्शाया गया है।
⚡स्वर्णिम नियम
प्रयोग का संदर्भ
इस मुहावरे का प्रयोग उन स्थितियों में करें जहाँ अंततः न्याय या सत्य की विजय होती है, न कि उन स्थितियों में जहाँ झूठ या अन्याय को बढ़ावा दिया जा रहा हो।
📖शब्द की उत्पत्ति
संस्कृत शब्द 'सत्य' (सत् + य) जिसका अर्थ 'सत्य' या 'वास्तविकता' होता है, तथा 'जीत' (जि + त) जिसका अर्थ 'विजय' होता है। यह वाक्यांश प्राचीन भारतीय ग्रंथों जैसे महाभारत और रामायण में बार-बार प्रयुक्त हुआ है।
📝उपयोग नोट्स
इस मुहावरे का प्रयोग उन स्थितियों में किया जाता है जहाँ अंततः सत्य या न्याय की विजय होती है, चाहे शुरुआत में परिस्थितियाँ विपरीत क्यों न हों। इसका प्रयोग साहित्यिक, नैतिक और सामाजिक संदर्भों में किया जाता है।